मुंबई में शिवसेना (UBT) के सांसद और सामना के कार्यकारी संपादक संजय राउत की पुस्तक बोध कीर्तन का विमोचन किया गया। इस कार्यक्रम में उनके 40 साल से अधिक पुराने राजनीतिक अनुभवों और दार्शनिक विचारों को शामिल किया गया है।

किताब के विमोचन पर राजनीतिक चर्चा

कार्यक्रम के दौरान राजनीतिक बयानों का आदान-प्रदान भी देखने को मिला। 2019 के विधानसभा चुनाव के बाद अविभाजित शिवसेना ने बीजेपी से नाता तोड़ लिया था और 2022 में शिवसेना में विभाजन के बाद एकनाथ शिंदे का गुट बीजेपी के साथ शामिल हो गया था।

इस संदर्भ में उद्धव ठाकरे के अनुसार 2019 के बाद बीजेपी से कोई संवाद नहीं हुआ है। वहीं देवेंद्र फडणवीस ने पहले बयान दिया था कि 2019 के बाद उद्धव ठाकरे ने फोन नहीं किया।