इजराइली संसद (कनेसेट) के चुनावों के लिए डाले गए वोटों की गिनती का काम जारी है। कुल 120 सीटों वाली संसद में सरकार बनाने के लिए किसी भी दल या गठबंधन को 61 सीटों की आवश्यकता होती है। शुरुआती चरणों में 57.3 प्रतिशत मतों की गिनती पूरी हो चुकी है।
नवीनतम आंकड़ों के अनुसार, बेंजामिन नेतन्याहू का गठबंधन 55 सीटों पर आगे चल रहा है। वहीं, गादी आइजनकोट के नेतृत्व वाले विपक्षी गठबंधन को 49 सीटें मिलने का अनुमान जताया गया है। चुनाव के दौरान सेना के जवानों में भारी उत्साह देखा गया, जहां 79.9 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। सेना के अनुसार, पिछले वर्ष 2022 के मुकाबले इस बार सैन्य मतदान में 6.2 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए नेतन्याहू को मिली शुरुआती बढ़त का श्रेय खुद को दिया है। हालांकि, परिणामों की तस्वीर अभी पूरी तरह साफ नहीं हुई है।
चुनाव परिणामों को लेकर कई अनिश्चितताएं बनी हुई हैं। यह स्पष्ट नहीं है कि नेतन्याहू या आइजनकोट आवश्यक 61 सीटों का बहुमत जुटा पाएंगे या नहीं। इसके अलावा, यह भी संशय है कि क्या विपक्षी नेता आइजनकोट और उनके सहयोगी अरब पार्टियों को सरकार में शामिल करने के लिए तैयार होंगे या देश में दोबारा चुनाव कराने की नौबत आएगी।












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