1 नवंबर 2026 को कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि है। इस दिन भानु सप्तमी, अहोई अष्टमी व्रत और रवि पुष्य नक्षत्र का विशेष संयोग बन रहा है।
सप्तमी तिथि 1 नवंबर को दोपहर करीब 2.55 बजे तक रहेगी और उसके बाद अष्टमी तिथि शुरू होगी। उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. मनीष शर्मा के अनुसार रवि पुष्य योग में सोना-चांदी, आभूषण, नया व्यापार, वाहन और संपत्ति की खरीदारी करना शुभ है।
अहोई अष्टमी और खरीदारी का महत्व
अहोई अष्टमी व्रत संतान की सुख-समृद्धि, अच्छी सेहत और लंबी उम्र की कामना के लिए किया जाता है। विभिन्न पंचांगों और परंपराओं के आधार पर व्रत खोलने के समय में भिन्नता हो सकती है।









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